Bade shauk se banaya tumne mere dil mein apna ghar
बड़े शौक से बनाया तुमने मेरे दिल मे अपना घर,
जब रहने की बारी आई तो तुमने ठिकाना बदल दिया!!
हमसे खेलती रही दुनिया ताश के पत्तों की तरह,
जिसने जीता उसने भी फेंका जिसने हारा उसने भी फेंका!!
करो बड़े शोक़ से मुहब्बत ऐ चाहने वालो,
मगर सोच लेना किसी काम के ना रहोगे बिछड़ने के बाद!!
मुझे खुद पर इतना तो यक़ीन है,
कोई मुझे छोड़ तो सकता है मगर भुला नही सकता!!
जिस फूल की परवरिश हम ने अपनी मोहब्बत से की,
जब वो खुश्बू के क़ाबिल हुआ तो औरो के लिए महकने लगा!!
जब रहने की बारी आई तो तुमने ठिकाना बदल दिया!!
हमसे खेलती रही दुनिया ताश के पत्तों की तरह,
जिसने जीता उसने भी फेंका जिसने हारा उसने भी फेंका!!
करो बड़े शोक़ से मुहब्बत ऐ चाहने वालो,
मगर सोच लेना किसी काम के ना रहोगे बिछड़ने के बाद!!
मुझे खुद पर इतना तो यक़ीन है,
कोई मुझे छोड़ तो सकता है मगर भुला नही सकता!!
जिस फूल की परवरिश हम ने अपनी मोहब्बत से की,
जब वो खुश्बू के क़ाबिल हुआ तो औरो के लिए महकने लगा!!

